रविवार, 18 नवंबर 2018

राजस्थान के पशु समदा भाग 1


राजस्थान के पशु संपदा भाग 1


  
गोवंश की नस्ल
नस्ल याद करने का ट्रिक = रागी का माथा हरि नाग सा
राठी,गिर,कंकरेंज,मालवी,थारपारकर,हरियाणवी,नागोरी, सांचोरी

( राठी )
प्रमुख जिले-बीकानेर,श्रीगंगानगर,जैसलमेर,व चुरू के कुछ भागो में
विशेष विवरण
लाल सिन्धी व् साहिवाल की मिश्रण नस्ल
दूध देने में अग्रणी
‘राजस्थान की कामधेनु’ कहलाती है
थारपारकर

प्रमुख जिले-
जैसलमेर,बाड़मेर,जोधपुरएवं जालोर का सांचोर क्षेत्र

विशेष विवरण
मूल स्थान- सिंध क्षेत्र व मालानी क्षेत्र (बाड़मेर)एवं थारपारकर क्षेत्र(पाकिस्तान)
उपनाम- थारी
अधिक दूध उत्पादन नस्ल



कांकरेज

प्रमुख जिले
 बाड़मेर,सांचोर, व सिरोही,पाली,जोधपुर,के कुछ भाग में
विशेष विवरण
मूल स्थान- कच्छ का रन
मजबूत सिंग,तेज चलने और बोझा ढोने वाले बैल
कठोर भोमि जोतने वाले बैल

सांचोर
प्रमुख स्थान- सांचोर,सिरोही,उदयपुर,पाली
कांकरेज से मिलती जुलती

नागोरी
प्रमुख स्थान – नागोरी,उ.पू.जोधपुर, नोखा,

विशेष विवरण
उत्पति स्थल- सुहालक प्रदेश
हल जोतने ओ दोड़ने में देश का प्रसिद्ध बैल
टाँगे पतली मजबूत, गाये दूध कम देती है



गिर
प्रमुख स्थान- अजमेर,भीलवाड़ा,चितोड़गड,बूंदी

विशेष विवरण
मूल स्थान- गिरवन व काठियावाड
राजस्थान में रेंडा व अजमेरा कहते है
अधिक दूध देती है, बैल खेती में उपयोगी

मालवी
प्रमुख स्थान-झालावाडा,डूंगरपुर,बांसवाडा,कोटा
विशेष विवरण
मूल स्थान- मालवा क्षेत्र
मुख्यतः भारवाही नस्ल, दूध कम, छोटा कद

हरियाणवी
झुंझुनू,जयपुर,गंगानगर,हनुमानगढ़,चुरू,पूर्वीबीकानेर,टोंक, अलवर,भरतपुर,मध्य व पूर्वी राजस्थान

विशेष विवरण
मूल स्थान-रोहतक हिसार,गुडगाँव
दुग्ध व भारवाक दोनों से उपुक्त
गठीला बदन, मस्तिस्क के मध्य हड्डी उठी हुई

मेवाती
प्रमुख स्थल-अलवर,भरतपुर के उतरी क्षेत्र



आज का प्रशन
बाड़मेर का मालानी क्षेत्र की गो-वंश का उत्पति स्थल है? (2nd ग्रेड शिक्षक भर्ती 2010)

उतरी-पश्चिमी राजस्थान में मिलाने वाली गाय की नस्ल का नाम है?(2nd ग्रेड शिक्षक भर्ती 2014)



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